प्रयागराज और पूरे उत्तर प्रदेश में इस समय रिकॉर्ड तोड़ गर्मी पड़ रही है। सड़कों पर पैर रखते ही ऐसा लगता है मानो ओवन (Oven) खोल दिया गया हो। ऐसे में लोग गर्मी से तुरंत राहत पाने के चक्कर में अनजाने में कुछ ऐसी बड़ी भूल कर बैठते हैं, जो उनके शरीर के लिए ‘थर्मल शॉक’ (Thermal Shock) का कारण बन जाती हैं।
मंथन हॉस्पिटल के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. अभिषेक द्विवेदी का कहना है कि इन दिनों हॉस्पिटल की इमरजेंसी में आने वाले कई मरीज धूप की वजह से नहीं, बल्कि धूप से आने के तुरंत बाद की गई गलतियों की वजह से बीमार होकर आ रहे हैं। आइए जानते हैं कि इस भीषण तापमान में garmi me ye 3 galtiyaan कौन सी हैं जिनसे आपको हर हाल में बचना है।
गलती 1:
धूप से आते ही फ्रिज का एकदम ठंडा पानी या कोल्ड ड्रिंक पीना
जब आप बाहर 45°C-46°C की हीटवेव में घूमकर घर या ऑफिस के अंदर आते हैं, तो आपके शरीर का तापमान बहुत बढ़ा हुआ होता है। ऐसे में तुरंत फ्रिज का बर्फीला पानी या चिल्ड कोल्ड ड्रिंक पीने से शरीर का अंदरूनी तापमान अचानक गिरता है।
- नुकसान: यह अचानक आया तापमान का अंतर (Temperature Shock) आपकी ब्लड वेसल्स (रक्त वाहिकाओं) को सिकोड़ देता है, जिससे अचानक तेज सिरदर्द, गले में इन्फेक्शन, और गंभीर मामलों में दिल की धड़कन अनियंत्रित हो सकती है।
- डॉक्टर की सलाह: बाहर से आने के बाद कम से कम 5 से 10 मिनट आराम करें, जब शरीर का तापमान सामान्य हो जाए, तब सामान्य या मटके का पानी पिएं।
गलती #2:
कड़कती धूप से सीधे तेज AC (एयर कंडीशनर) वाले कमरे में बैठना
प्रयागराज की झुलसाने वाली लू से बचकर जैसे ही लोग गाड़ी या कमरे में आते हैं, AC को तुरंत न्यूनतम (16°C या 18°C) पर चला देते हैं।
- नुकसान: इसे मेडिकल भाषा में ‘टेंपरेचर शॉक’ कहते हैं। इससे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) अचानक कमजोर पड़ जाती है। इसके कारण तुरंत बुखार आना, बदन दर्द, चक्कर आना या चेहरे की नसों में खिंचाव (Facial Palsy) जैसी गंभीर दिक्कतें हो सकती हैं।
- डॉक्टर की सलाह: AC का तापमान हमेशा 24°C से 26°C के बीच रखें ताकि बाहर और अंदर के तापमान में बहुत बड़ा अंतर न हो।
गलती #3:
बिना कुछ खाए या खाली पेट दोपहर में बाहर निकलना
कई लोग सोचते हैं कि खाली पेट रहने से गर्मी कम लगेगी या उल्टी नहीं होगी, लेकिन यह धारणा बिल्कुल गलत और खतरनाक है।
- नुकसान: खाली पेट बाहर निकलने पर शरीर में शुगर का लेवल (Blood Sugar Level) तेजी से गिरता है। धूप और लू के संपर्क में आते ही खाली पेट वाले लोगों को बहुत जल्दी डिहाइड्रेशन होता है, जिससे सीधे चक्कर खाकर गिरने या बेहोश होने (Heat Syncope) का खतरा सबसे ज्यादा रहता है।
- डॉक्टर की सलाह: जब भी दोपहर में बाहर निकलना जरूरी हो, कुछ हल्का सुपाच्य भोजन करके और कम से कम दो गिलास पानी या सत्तू पीकर ही निकलें।
Dr. Abhishek Dwivedi (Manthan Hospital) Ki Warning:
“इस मौसम में हमारा शरीर लगातार बाहरी वातावरण से तालमेल बिठाने की कोशिश कर रहा है। अचानक तापमान बदलना ही बीमारी की सबसे बड़ी वजह है। इन तीन गलतियों से बचकर आप अस्पताल के चक्कर लगाने से सुरक्षित बच सकते हैं।”


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